मेहंदी कुमकुम व्यापारी की मौत, विश्व प्रसिद्ध मंदिर के पुजारी परिवार में संक्रमण, हैंड पंप और अग्रवाल परिवार में सब्जी वाले से हुआ संक्रमण चर्चा में रहा

उज्जैन। शहर में आज होने वाली कुछ मौतों को लेकर सारे दिन चर्चाओं का बाजार गर्म रहा, सूत्रों के मुताबिक छत्री चौक स्थित गोपाल मंदिर के नीचे मेहंदी कुमकुम का व्यापार करने वाले एक व्यापारी की मौत के बाद पूरे क्षेत्र में सन्नाटा रहा, बताया जाता है कि उक्त व्यापारी ने कोरोना के लक्षण के बावजूद अपना इलाज नहीं करवाया था परिणाम स्वरूप उसकी मौत हो गई,  इधर व्यापारी के पुत्र ने मालव क्रांति को फोन कर बताया कि उनके पिताजी की कोरोना टेस्टिंग हुई थी जो नेगटिव निकली थी, उनके पुत्र के अनुसार   व्यापारी के परिवार में कुछ और सदस्य भी कोरोनावायरस से संक्रमित नहीं है , लेकिन अचानक मौत के बाद पुरानी शहर के व्यापारी सकते में आ गए, इसके अलावा एक और बुजुर्ग ने चैरिटेबल अस्पताल के गेट पर दम तोड़ दिया, पांदरीबा को लेकर भी शहर में चर्चा रही बताया जाता है कि नवग्रह में से एक ग्रह के प्रसिद्ध मंदिर के परिवार का एक सदस्य भी कोरोना से संक्रमित हो गया है, सूत्रों के मुताबिक इस सदस्य को इंदौर स्थित अरविंदो अस्पताल में भर्ती किया गया है।इधर कल देर रात जारी किए गए हेल्थ बुलेटिन को देखकर पूरा शहर चौक गया है, वजह साफ है कि एक साथ 33 की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के साथ-साथ बेगमपुरा के राठौर परिवार में 12 लोग और जैन परिवार में 5 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है, जैन परिवार में एक युवक की मां उसकी पत्नी वह स्वयं और उसके पुत्र और पुत्री को  संक्रमण निकला है, इसी प्रकार राठौर परिवार  में पूरी चेन सामने आई है इसमें दादा से लेकर पोते पोती तक सभी संक्रमित हो गए, इस परिवार में 7 माह से लेकर 65 साल के बुजुर्ग मैं से कोई नहीं बचा पूरा परिवार कोरोनावायरस  की चपेट में आ गया, बताया जाता है कि परिवार के लोग कर्फ्यू के दौरान भी क्षेत्र में न सिर्फ घूमते रहे बल्कि किराने की दुकान खोल कर सामान भी बेचते रहें, क्षेत्र में इस बात को लेकर भी सनसनी है कि यह पूरा परिवार घर के सामने स्थित हैंडपंप पर पानी भरता था, यह आशंका भी व्यक्त की जा रही है कि हैंडपंप से पानी भरने के दौरान ही संक्रमण  ने उनके परिवार में प्रवेश किया। इधर महेश नगर के अग्रवाल परिवार की बहू को लेकर भी यह तथ्य सामने आया है कि वह प्रतिदिन क्षेत्र में आने वाले सब्जी वालों से सब्जी खरीदती थी। नामदार पुरा की जो महिला संक्रमित हुई है वह आंगनवाड़ी कार्यकर्ता है, वह लगातार कार्य कर रही थी।