दहेज प्रताड़ना के आरोपी पति, सास एवं ससुर को जेल भेजा

60 लीटर अवैध शराब रखने वाले अभियुक्त को जेल*


    राजगढ । माननीय न्यायालय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजगढ की अदालत ने अभियुक्त राजेश पिता देवीलाल निवासी कालिकावे जिला राजगढ को अवैध रूप से 60 लीटर शराब अपने कब्जे में रखने के आरोप में धारा 34(2) आवकारी अधिनियम में जमानत निरस्त कर जेल भेज दिया है। इस प्रकरण में शासन की ओर से जमानत का विरोध सहायक जिला लोक अभियेाजन अधिकारी श्री राजेश कुमार शाक्य ने किया है। 


   मामले की जानकारी देते हुए मीडिया प्रभारी श्री आशीष दुबे ने बताया है कि थाना जीरापुर की पुलिस को मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि एक व्यक्ति मोटरसाईकिल पर 2 प्लास्टिक की केन जिसमें शराब भरे हुये है, लेकर माचलपुर से जीरापुर बेंचने जा रहा है। सूचना की तस्दीक हेतु मुखबिर द्वारा बताये गये स्थान पर पंहुचे तो एक व्यक्ति मोटरसाईकिल पर 2 प्लास्टिक की केन टांगे हुये माचलपुर से जीरापुर की ओर आता दिखा। जिसे रोककर जांच करने पर एक केन में 40 लीटर एवं दूसरी केन में 20 लीटर कच्ची शराब रखे हुये था। इस व्यक्ति का नाम पता पूछा तो उसने अपना नाम राजेश पिता देवीलाल निवासी कालिकावे जिला राजगढ का होना बताया। अभियुक्त से शराव परिवहन करने हेतु वैध लायसेंस मागा तो उसने नही होना बताया था । अभियुक्त का कृत्य धारा 34(2) आवकारी अधिनियम के तहत दण्डनीय होने से 60 लीटर अवैध शराब कीमती लगभग 6000 रूपये जप्त कर उक्त आरोपी के विरूद्ध अपराध क्रमांक 383/20 की कायमी की गई एवं गिरफ्तार किया गया था जहां से आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया था#######################################################


  राजगढ/खिलचीपुर । माननीय न्यायालय जेएमएफसी खिलचीपुर ने दहेज के लिए प्रताड़ित कर मारपीट करने वाले अभियुक्त पवन सिंह गुर्जर पिता भैरूलाल, भैरूलाल गुर्जर पिता रामसिंह, बादामबाई पति भैरूलाल सर्व निवासी भोजपुर जिला राजगढ की जमानत खारिज कर जेल भेज दिया है। इस प्रकरण शासन की ओर से सहायक जिला लोक अभियेाजन अधिकारी श्री मथुरालाल ग्वाल द्वारा न्यायालय के समक्ष तर्क प्रस्तुत कर जमानत का विरोध किया गया है। 


अभियोजन मीडिया प्रभारी श्री आशीष दुबे ने घटना की जानकारी देते हुए बताया है कि थाना भोजपुर पुलिस को दिनांक 13 सितम्बर 2020 को सूचना मिली की ग्राम भोजपुर में एक महिला की कुएं में डूबने से मृत्यु हो गई है। मुखबिर की सूचना पर बताये गये स्थान पर तश्दीक की गई थी। जिसके उपरांत मर्ग क्रमांक 33/20 धारा 174 जाफौ पंजीबद्ध किया गया। मृतिका ममताबाई का पीएम करवाया गया जिसके बाद शव सुपुर्दगी पर घर वालों को सौंपा गया था। मृतिका के परिजनों के कथन लेख किये गये जिसमें उन्होंने बताया था कि उसके ससुराल वाले उस पर दहेज के लिए दबाव बना रहे थे। मृतिका का पति पवन उसे ताने देकर उसके साथ मारपीट भी करता था। पुलिस ने सम्पूर्ण मर्ग जांच में पाया था कि मृतिका ममताबाई ने उसके पति पवन सिंह गुर्जर, सास बादामबाई व उसके ससुर भैरूलाल द्वारा लगातार की जा रही दहेज की मांग से मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित होकर आत्महत्या की है। आरोपीगण पवनसिंह गुर्जर, बादामबाई, एवं भैरूलाल पर अपराध क्रमांक 291/2020 धारा 304बी, 498ए, 34 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था।


  फर्जी नियुक्ति पत्र के मामले में आरोपिया को जेल भेजा


  राजगढ । माननीय न्यायालय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजगढ ने थाना राजगढ के अपराध क्रमांक 407/17 में आरोपिया मुख्तरी बेगम उर्फ अंजुम खान पति मोहम्मद नईम अंसारी नि ईतवारी मोहल्ला सोहागपुर जिला शहडोल हाल निवासी सुभाष नगर भोपाल की जमानत खारिज कर जेल भेज दिया है।


 


            मीडिया प्रभारी श्री आशीष दुबे ने घटना की जानकारी देते हुये बताया है कि पुलिस थाना राजगढ में दिनांक 30 जुलाई 2017 को थाना अशोका गार्डन भोपाल में पंजीबद्ध अपराध क्रमांक 0/17 धारा 420, 467,468, 471 भादवि की केश डायरी असल अपराध कायमी हेतु प्राप्त हुई थी। जिस पर असल कायमी अपराध क्रमांक 407/17 की गई थी। थाना अशोका गार्डन में एक शिकायत जांच हेतु प्राप्त हुई थी जिसकी जांच की गई सत्यनारायण सोनी दिनांक 04.11.2015 को कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला राजगढ का आदेश से फार्माशिस्ट के पद पर ज्वाईंनिग हेतु कार्यालय में उपस्थित हुआ तो कार्यालय में आदेश फर्जी पाया गया था। इस फर्जी आदेश के संबंध में थाना प्रभारी को सूचना दी गयी जिसकी जांच उपरांत सत्यनारायण सोनी का कृत्य धारा 420, 467,468, 471 भादवि का होना पाया गया था। जिस पर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान साक्षियों के कथन लिये गये थे। अभियुक्त सत्यनारायण पिता रणछोड़दास निवासी वार्ड नं. 4 तेंदूखेड़ा जिला दमोह के द्वारा मेमोरेण्डम में कूट रचित नियुक्ति पत्र अंजुम मैडम निवासी भोपाल से प्राप्त करना बताया। 


 


             प्रकरण में वांछित आरोपिया मुख्तरी बेगम उर्फ अंजुम खान पति मोहम्मद नईम अंसारी नि ईतवारी मोहल्ला सोहागपुर जिला शहडोल हाल निवासी सुभाष नगर भोपाल का मेमोरेण्डम पूछताछ पर जुर्म स्वीकार कर गिरफ्तार किया गया था। अभियुक्ता अंजुम खान ने कूटरचित नियुक्ति पत्र आरोपी शफीक मोहम्मद कुरैशी पिता अब्दुल मजीद निवासी कालाखेत राजगढ से प्राप्त करना बताया। मेमो की तश्दीक पर खुलाशा हुआ कि वर्ष 2019 में आरोपी शफीक की मुत्यु हो चुकी है। जिसके बाद आरोपिया अंजुम खान के विरूद्ध अपराध सदर का पाया जाने से पूरक चालान न्यायालय में पेश किया गया । 


 


  इस प्रकरण में अभियुक्ता अंजुम खान ने न्यायालय के समक्ष जमानत आवेदन प्रस्तुत कर जमानत की मांग की थी। शासन की ओर से सहायक जिला लोक अभियेाजन अधिकारी श्री आशीष दुबे ने न्यायालय के समक्ष तर्क प्रस्तुत कर आरोपिया को जमानत न दिये जाने का निवेदन किया। अभियोजन कहानी एवं तर्कों को दृष्टिगत रखते हुये न्यायालय ने आरोपिया अंजुम खान का जमानत आवेदन खारिज कर दिया है।