तीन माह में होगा सभी का टीकाकरण

 *कोरोना के बढ़ते प्रकरणों के मद्देनजर होली को घरों तक सीमित करना जरूरी -मुख्यमंत्री श्री चौहान, भोपाल, इंदौर, जबलपुर के साथ ही बैतूल, छिंदवाड़ा, रतलाम और खरगोन में रविवार को लॉकडाउन, मंत्रि-परिषद के सम्मुख हुआ कोरोना पर प्रस्तुतिकरण*


उज्जैन । मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में कोरोना के बढ़ते प्रकरणों को देखते हुए सतर्कता आवश्यक है। अत: होली के त्यौहार को अपने घरों तक सीमित करते हुए "मेरी होली-मेरे घर" के सिद्धांत का अनुसरण करना आवश्यक है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि संपूर्ण प्रदेश में गेर, मेले, चल समारोह सहित अन्य सार्वजनिक आयोजन और सार्वजनिक रूप में लोगों का एकत्रित होना प्रतिबंधित रहेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान मंत्रि-परिषद की बैठक के बाद गत दिवस भोपाल में कोरोना पर हुए प्रस्तुतिकरण पर मंत्रि-परिषद के सदस्यों को संबोधित कर रहे थे।


लॉक डाउन के लिए निर्देश जारी


 मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि भोपाल, इंदौर, जबलपुर के साथ बैतूल, छिंदवाड़ा, रतलाम और खरगोन में कोरोना के प्रकरण निरंतर बढ़ रहे हैं। अतः इन स्थानों पर भी रविवार का लॉक लॉक डाउन रहेगा। ग्वालियर, उज्जैन, सागर, विदिशा, बड़वानी और बुरहानपुर में भी प्रतिदिन 20 से अधिक प्रकरण दर्ज हो रहे हैं। ऐसे सभी जिले जहाँ कोविड के साप्ताहिक पॉजिटिव केसेस का प्रतिशत औसत 20 से अधिक है, वहाँ विवाह समारोह, शव यात्रा, उठावना और मृत्यु-भोज आदि में सम्मिलित होने वाले व्यक्तियों की संख्या को भी सीमित किया जा रहा है। केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा होली, शब-ए-बारात, ईस्टर और ईद-उल-फितर आदि त्यौहारों को देखते हुए अतिरिक्त स्थानीय प्रतिबंध लागू करने संबंधी सलाह के परिप्रेक्ष्य में राज्य शासन द्वारा निर्देश जारी किये गये हैं।


भोपाल, इंदौर, जबलपुर, बैतूल, छिन्दवाड़ा, रतलाम और खरगोन में शनिवार रात 10 बजे से सोमवार सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन प्रभावी रहेगा। लॉक डाउन की अवधि में आवश्यक वस्तुओं, उद्योग इकाइयों के श्रमिकों, कर्मचारियों और औद्योगिक कच्चे माल तथा उत्पाद व बीमार व्यक्तियों के परिवहन, एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन आने और जाने तथा परीक्षाओं में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के लिए छूट रहेगी।


 इन शहरों में 28 मार्च को कोषालय और रजिस्ट्री कार्यालय खुले रहेंगे। इनमें कार्य करने वाले कर्मचारियों और कार्यालयों की सेवा प्राप्त करने वाले नागरिकों के आवागमन पर प्रतिबंध लागू नहीं होंगे। इन सात शहरों में 31 मार्च तक सभी स्कूल और कॉलेज में शिक्षण बंद रहेगा। सभी परीक्षाएँ पूर्व से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही होंगी। इनमें प्रतियोगी परीक्षाएँ भी सम्मिलित हैं। परीक्षार्थी तथा परीक्षा के कार्य में लगे अधिकारी-कर्मचारियों को आने-जाने में कोई अवरोध नहीं रहेगा। 


रेस्टोरेंट में बैठकर खाने पर प्रतिबंध


ऐसे जिलों, जहाँ कोविड के साप्ताहिक पॉजिटिव केसेस का प्रतिदिन औसत 20 से ज्यादा है, में शादी समारोह में 50 तथा शव यात्रा में 20 से अधिक व्यक्ति के सम्मिलित होने पर प्रतिबंध रहेगा। उठावना, मृत्यु-भोज आदि कार्यक्रमों में भी 50 से अधिक लोग सम्मिलित नहीं हो सकेंगे। इन जिलों में स्विमिंग पूल, सिनेमाघर, जिम आदि बंद रहेंगे। रेस्टोरेंट में बैठकर खाने पर प्रतिबंध रहेगा। टेक अवे भोजन की व्यवस्था जारी रहेगी। बंद हाल के कार्यक्रम में 50 प्रतिशत हाल की क्षमता (अधिकतम 100 व्यक्ति) सम्मिलित हो सकेंगे।  


जनता के हित में लिए गए हैं फैसले


मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि जनता के हित में यह फैसले लिए गए हैं। सात शहरों में 28 मार्च को लॉकडाउन होने के कारण होली दहन तथा शब-ए-बारात को सांकेतिक रूप से मनायें जाने की सहमति दी जा सकेगी। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने सभी जिलों में होली से पूर्व क्राईसिस मैनेजमेंट ग्रुप की बैठक आवश्यक रूप से आयोजित करने के निर्देश दिए। इन जिलों की क्राईसिस मैनेजमेंट कमेटी धार्मिक स्थलों में लोगों को एकत्रित होने से प्रतिबंधित करने और लॉकडाउन की अवधि रात 10 बजे से प्रात: 6 बजे के स्थान पर रात्रि 8 से सुबह 6 बजे तक करने के संबंध में निर्णय ले सकेगी। केमिस्ट, राशन और खान-पान की दुकानों पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होंगे।


जिन जिलों में कोविड के साप्ताहिक पॉजिटिव केसेस का औसत प्रतिशत प्रतिदिन 20 से कम है। वहाँ क्राईसिस मैनेजमेंट कमेटी जन-सुनवाई के कार्यक्रम स्थगित रखने और विवाह, अंतिम संस्कार जैसे सामाजिक कार्यक्रमों में भाग लेने वालों की संख्या निर्धारित करने संबंधी निर्णय ले सकेगी। 


मंत्रालय में हुए प्रस्तुतिकरण में चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री विश्वास सारंग, मुख्य सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य श्री मोहम्मद सुलेमान और अपर मुख्य सचिव गृह श्री राजेश राजौरा उपस्थित थे। लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी और कृषि मंत्री श्री कमल पटेल ने भी अपने सुझाव रखे।


भोपाल में 15. 95 प्रतिशत हुआ पॉजिटिविटी रेट 


प्रस्तुतिकरण में जानकारी दी गई कि पिछले 7 दिन में प्रदेश के 10 शहरों में प्रकरण लगातार बढ़ रहे हैं। इंदौर में पिछले सात दिन में 317, भोपाल में 299, जबलपुर में 98, बैतूल में 38, रतलाम में 37, ग्वालियर में 36, उज्जैन में 30, सागर में 28, खरगोन में 27 और छिंदवाड़ा में 25 प्रकरण औसत रूप से प्रतिदिन दर्ज किए गए। गत सात दिवस का इंदौर का पॉजिटिविटी रेट 8.47 प्रतिशत, भोपाल का 15. 95 प्रतिशत हो गया है। इसी प्रकार बैतूल का पॉजिटिविटी रेट 14.32 प्रतिशत, जबलपुर का 7.46 प्रतिशत और खरगोन का 8.19 प्रतिशत दर्ज किया गया।


तीन माह में होगा सभी का टीकाकरण



मुख्यमंत्री श्री चौहान ने टीकाकरण की प्रक्रिया को गति देने और सभी जिलों में आइसोलेशन वार्ड स्थापित करने और बिस्तरों की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। प्रस्तुतिकरण में बताया गया कि प्रदेश में अब तक 26 लाख 90 हजार 646 व्यक्तियों का टीकाकरण हो चुका है। गत 20 मार्च को एक दिन में 3 लाख 57 हजार 500 व्यक्तियों का टीकाकरण हुआ। प्रदेश में प्रतिदिन 3 लाख व्यक्तियों के टीकाकरण के लिए व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जा रही हैं। प्रति सप्ताह चार दिन सोमवार, बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे। आगामी 3 माह में सभी लक्षित समूहों का टीकाकरण किए जाने की योजना है।