हम यह युद्ध जीतेंगे ? भारत में   नवोदय हो  रहा है

 


हमारा देश विश्व मे एक नई चुनोती बनकर उभर रहा है विश्व सोचता होगा कि 199 देशों में फैले कोरोना को भारत मे संक्रमण फैलाने की ऐसी जगह मिलेगी की करोड़ो लोगों में तबाही मच जाएगी किन्तु आज बन्द के  9 वे दिन में हम प्रवेश कर रहे है बहुत कुछ बदला नही है ।मोत का आंकड़ा विश्व के अनुमानों को झुठलाते जा रहा है ।
138 करोड़ के देश मे जहाँ मात्र एक्सीडेंट से लगभग 400 मोत प्रतिदिन होती है ।केन्सर से 1300 मृत्यु होती है और मधुमेह का तो आंकड़ा ही नही है क्योंकि यह अनेक बीमारियों का लीडर है ।कोरोना बहुत कुछ  नही पा रहा है ।
इसके बहुत से कारण है जिनका अध्ययन होना चाहिए 
(1) हमारी आस्था और विश्वास- हमारे यहां हर व्यक्ति धर्म पर विश्वास रखता है चाहे वह किसी भी मान्यता से सम्बंधित हो ।संकट के समय हम सब ईश्वर पर ही आस्था प्रकट करते है ।
(2) प्रतिरोधक क्षमता - हमारे देश मे अभी भी अधिकांश जनता शाकाहारी है यह हमारी प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाती है लाकडाउन के समय लगभग 90 प्रतिशत जनता इसी पर आश्रित है ।
(3) आयुर्वेद और विविध चिकित्सा सेवाओ का उपयोग -गत कुछ वर्षो से तुलसी, कड़ी पत्ता,  अदरक,दाल चीनी, जैसे अनेक भारतीय औषधियों में विश्वास प्रबल हुआ है ।करोना कि जंग को हम साधारण भाषा मे देखे तो यह 4 थे दिन से लगभग गले मे संक्रमण पैदा करता है और श्वास को अवरुद्ध कर मौत का कारक बनता है ।बस गर्म किन्तु गुनगुने जल का  दिन भर उपयोग करना है और हो सके तो तुलसी, नींबू, अदरक, लोग, हल्दी, काली मिर्च, चक्र फूल को भी जोड़ ले ।और हा सरसो के तेल का नस्य(नाक) में प्रयोग जरूर करे अनेक समस्याओं से  राहत मिलेगी ।आयुष विभाग अणु तेल की अनुशंसा करता है ।
(4) फिजिकल फिटनेस और योग- प्रतिदिन 30 मिनिट  से लगाकर  एक घण्टा बहुत महत्वपूर्ण है ।
(5) जलवायु और प्रकृति- भारत की जलवायु और प्रकृति अन्य देशों से बहुत अलग है ।विभिन्न मौसम और तापकृम इसे विशेष बनाते है प्राकृतिक सौंदर्य और घने वन इसके गहने है ।


आज के लिए कुछ सुझाव 
(1) सोशल डिस्टेंसिंग बनाये रखे - अब 6 फ़ीट ।
(2) अपने हाथ जरूर धोते रहे, साबुन बहुत प्रभावी है  ।
(2) मदद के लिए चेन बनाये , सोशल मीडिया का उपयोग करे ।घर से बाहर न निकले बहुत सी समस्याओ का हल शांति से सोचने में निकल आता है ।(कल मेरे पास एक बहुत बड़ी चुनोती थी उज्जैन के एक स्टूडेंट को 200 किलोमीटर दूर राजगढ़ जिले में  उसके घर पहुचाना-रात को उसका फोन आया सर में सकुशल घर आ गया ऐसे अनेक उदाहरण कल की पोस्ट में दिए है )
(5) अपनी जरूरतों को सीमित करें - आपके घर मे जो भी है उसी को परमात्मा का प्रशाद समझ ग्रहण करे क्योकि कुछ दिन बाद एक नई सुबह आपका इंतजार कर रही है जो बहुत ही सुखद और अनूठी होगी जिसमें प्रकृति अपना समस्त प्यार, सौंदर्य आप पर लुटाने को तैयार हो रही है ।और आपके पास होगा एक ऐसा जीत  का अनुभव जो आज तक किसी को पूर्व में नही मिला ।
(6) अपने रिश्तेदार, परिजन, मित्रो से बात दिन भर करते रहे फ्री वीडियो कॉलिंग, वॉइस काल आजमाए ।ताश, लूडो, साँप सीडी , बहुत से परम्परागत खेल को आजमाए ।
जिसमे परिवार सदस्यों  की सहभागिता हो ।
(6) टी वी चेनल से अनृरोध - कोरोना 'का रोना' हटाये कुछ ऐसे प्रोग्राम भी पेश करे 
(1) सदाबहार गीत 
(2) योग या एक्सरसाइज सेशन 
(3) सदाबहार फिल्में 
(4) हास्य कवि सम्मेलन, आयोजन
(5) मनोरंजनक ऐसे धारावाहिक जो 14 अप्रेल के पहले खत्म हो ।
(6) स्वास्थ्य वार्ता - हम कैसा जिवन जिये ।


अब आज के बदलते आंकड़े ।
👇👇👇👇👇👇👇👇आज  का आंकड़ा


 worldometer अनुसार 
प्रभावित 721903, म्रत्यु 33965 ठीक हुए 151312


भारत  1024 संक्रमित   27 म्रत्यु  । जनसख्या  138 करोड़ 
श्रीलंका 117 संक्रमित  1 मृत्य  । जनसंख्या 21 करोड़
नेपाल  5 संक्रमित  0 मृत्य । जनसख्या 3 करोड़ 
 पाकिस्तान 1597 संक्रमित 14  म्रत्यु । जनसंख्या 22 करोड़ 
बांग्लादेश 48 संक्रमित  5 म्रत्यु। जनसंख्या 16.5 करोड़ 
 की स्थिति के साथ अब हम विश्व के प्रमुख देशों का अवलोकन करें 
अमेरिका 123688 संक्रमित  2224 म्रत्यु।  जनसंख्या 33 करोड़ 
इटली 97689 संक्रमित  10779  म्रत्यु । जनसंख्या 6 करोड़
चीन 81439  संक्रमित 3300 म्रत्यु । जनसंख्या 144 करोड़ यहां कोई बदलाव नही हुआ ।
स्पेन 80110  संक्रमित 6803 म्रत्यु । जनसंख्या 4.7 करोड़ कल सबसे ज्यादा म्रत्यु 821 
जर्मनी 62435 संक्रमित  541 म्रत्यु । जनसंख्या 8.4  करोड़ 
फ्रांस 40174 संक्रमित 2606 म्रत्यु । जनसंख्या 6.5 करोड़
इरान 38309 संक्रमित  2640 म्रत्यु ।जनसंख्या 8.3 करोड़
जापान 1866   संक्रमित 54  मृत्यु । जनसख्या 12.65 करोड़ 
रूस 1534 संक्रमित  8  मृत्यु जनसंख्या 14 करोड़ 
इस्राइल 4247  संक्रमित 15  म्रत्यु  जनसंख्या 9.13 करोड़
उक्त आकड़ो का विश्लेषण करें तो कोरोना ने हर राष्ट्र में अलग अलग प्रभाव डाला है भारत की स्थिति जनसंख्या के अनुपात में अभी बहुत अच्छी  है