पत्नि की हत्या करने पर पति को आजीवन कारावास की सजा

 न्यायालय श्रीमान अरविंद कुमार जैन, सप्तम अपर सत्र न्यायाधीश जिला उज्जैन के न्यायालय द्वारा आरोपी मनोज पिता उदयसिंह निवासी-घट्टिया नाला तहसील घट्टिया जिला उज्जैन को धारा 302 भादवि में आजीवन कारावास व 3,000/- रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। 


   उप-संचालक अभियोजन डॉ0 साकेत व्यास ने बताया कि घटना इस प्रकार है कि दिनांक 03.08.2018 को मृतिका प्रियंका पति मनोज नवविवाहिता की जलने से मृत्यु होने पर थाना घट्टिया पर मर्ग कायम किया गया था। मर्ग की जांच उप-पुलिस अधीक्षक उज्जैन अरविंद तिवारी द्वारा की गई थी। जांच के दौरान मृतिका की पोस्टमार्टम रिपोर्ट प्राप्त की जिसमें डॉक्टर द्वारा 80 से 90 प्रतिशत जलने से मृतिका की मृत्यु होना बताया। घटनास्थल के फोटोग्राफ एवं फोरंेसिक अधिकारी द्वारा घटनास्थल के निरीक्षण के उपरांत दिये गये अभिमत में केरोसिन, माचिस व जले हुये कपडो से घटना कारित होना पाया गया। 


 मृतिका के मरणासन्न कथन में उसने अपने पति मनोज द्वारा घांसलेट डालकर, आग लगाकर भाग जाना बताया। मृतिका के पिता पप्पू एवं माता लीलाबाई के कथन तथा स्वतंत्र साक्षीगण के कथन लिये गये। जिनमें उन्होने बताय कि मृतिका विवाह आरोपी मनोज से 2 वर्ष हुआ था, मनोज द्वारा दहेज की मांग को लेकर मृतिका को प्रताडित किया जाता था। आरोपी मनोज द्वारा मृतिका की घांसलेट डालकर हत्या कारित की है। आरोपी के विरूद्ध थाना घट्टिया पर प्रथम सूचना रिपोर्ट लेखबद्ध कर आवश्यक अनुसंधान पश्चात् न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया था। विचारण के दौरान यह साक्ष्य आई कि आरोपी एवं मृतिका के मध्य मृतिका के प्रेमी को लेकर विवाद चल रहा था। 


🔹न्यायालय की टिप्पणीः- आरोपी द्वारा अपनी पत्नि की हत्या करने का गंभीर अपराध कारित किया है। 


न्यायालय द्वारा अभियोजन के तर्को से सहमत होकर आरोपी को आजीवन कारावास से दण्डित किया गया।  


प्रकरण में पैरवीकर्ता श्री एम.एल. चौधरी, एजीपी जिला उज्जैन द्वारा की गयी। 


*पत्नि को आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने वाले पति की न्यायालय ने की अग्रिम जमानत निरस्त*


 न्यायालय श्रीमान मुकेश नाथ, द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश महोदय महिदपुर जिला उज्जैन के न्यायालय द्वारा अभियुक्त नारायण पिता पूरालाल, निवासी-नलखेड़ा, तहसील महिदपुर, जिला उज्जैन का अग्रिम जमानत आवेदन निरस्त किया गया। 


        उप-संचालक अभियोजन डॉ0 साकेत व्यास ने बताया कि घटना इस प्रकार है कि दिनांक 29/08/2020 को मृतिका कालीबाई पति नारायण को सल्फास की गोली खाने से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र झारड़ा में ईलाज हेतु लाया गया था, जहां से प्राथमिक उपचार कर उसे जिला चिकित्सालय उज्जैन रैफर कर दिया था, जिला चिकित्सा के कम्पाउण्डर रमेश गुप्ता ने थाना कोतवाली उज्जैन को इस आशय की लिखित सूचना दी कि दिनांक 29.08.2020 को कालीबाई पति नारायण उम्र 40 वर्ष, निवासी नलखेड़ा को नारायण पिता पूरालाल द्वारा जहर खाने से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र झारड़ा से मृत अवस्था में सी.एच. उज्जैन लाया गया, मृतक के शरीर को पी.एम. रूम में रखवा दिया है। उक्त सूचना के आधार पर थाना झारड़ा पर अपराध पंजीबद्ध किया गया है। विवेचना के दौरान मृतिका की माता, पिता, पुत्र व पुत्री के कथन लेखबद्ध किये गये जिनमे उनके द्वारा बताया गया कि मृतिका के पति नारायण सिंह उसके साथ छोटी-छोटी बातो पर लड़ाई-झगड़ा करता था, जिससे प्रताड़ित होकर मृतिका ने जहरीली दवाई पी ली थी। उक्त साक्ष्य के आधार पर अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया। 


 अभियुक्त नारायण द्वारा न्यायालय में जमानत आवेदन पत्र प्रस्तुत किया गया। न्यायालय द्वारा अभियोजन की ओर तर्क किये व जमानत आवेदन का विरोध किया गया। न्यायालय द्वारा अभियोजन के तर्को से सहमत होकर अभियुक्त का अग्रिम जमानत आवेदन निरस्त किया गया।  


प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी श्री अजय वर्मा, एजीपी महिदपुर, जिला उज्जैन द्वारा की गई।